Monday, March 2, 2026
Google search engine
Homeराजनीती‘धृतराष्ट्र’ टिप्पणी पर सियासी घमासान: मैथिली ठाकुर पर खेसारी लाल का पलटवार,...

‘धृतराष्ट्र’ टिप्पणी पर सियासी घमासान: मैथिली ठाकुर पर खेसारी लाल का पलटवार, बोले- कम उम्र में शोहरत मिल जाए तो शब्दों पर संयम जरूरी

बिहार की राजनीति में एक बयान को लेकर नया विवाद खड़ा हो गया है। दरभंगा की अलीनगर सीट से विधायक और प्रसिद्ध गायिका मैथिली ठाकुर द्वारा विधानसभा में दिए गए एक बयान पर अब आरजेडी नेता और भोजपुरी अभिनेता खेसारी लाल यादव ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। मैथिली ठाकुर ने कथित तौर पर लालू प्रसाद यादव के पुत्र मोह की तुलना महाभारत के धृतराष्ट्र से की थी, जिसके बाद राजनीतिक माहौल गरमा गया है और आरजेडी खेमे में नाराजगी साफ तौर पर देखी जा रही है।

इस बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए खेसारी लाल यादव ने बिना नाम लिए मैथिली ठाकुर पर तंज कसते हुए कहा कि कम उम्र में बड़ी उपलब्धियां मिल जाने पर व्यक्ति कई बार सोच-समझकर बोलना भूल जाता है। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक जीवन में रहने वाले लोगों को अपने शब्दों का चयन बहुत सावधानी से करना चाहिए, क्योंकि उनके बयान समाज में व्यापक असर डालते हैं। खेसारी ने यह भी कहा कि राजनीति में जिम्मेदारी के साथ-साथ परिपक्वता और व्यापक ज्ञान होना बेहद जरूरी है।

उन्होंने आगे कहा कि राजनीति में आने का अर्थ यह नहीं है कि इंसान अपने संस्कार और संवेदनशीलता को पीछे छोड़ दे। उनके अनुसार, जनता प्रतिनिधियों को समाज के विकास और जनहित के लिए चुनती है, न कि किसी को नीचा दिखाने या विवादित टिप्पणियां करने के लिए। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि बिहार की तरक्की आपसी आरोप-प्रत्यारोप से नहीं बल्कि ठोस कार्यों और सकारात्मक सोच से ही संभव है।

खेसारी लाल यादव ने तेजस्वी यादव और लालू प्रसाद यादव का जिक्र करते हुए कहा कि वे उनके लिए परिवार की तरह हैं और बड़े नेताओं के बारे में इस तरह की भाषा का इस्तेमाल करना उचित नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि एक कलाकार होने के नाते मैथिली ठाकुर को अपने शब्दों के प्रभाव को बेहतर ढंग से समझना चाहिए और सार्वजनिक मंचों पर संयमित भाषा का प्रयोग करना चाहिए।

इस विवाद के बीच जब उनसे भोजपुरी स्टार पवन सिंह के एक गाने को लेकर सवाल पूछा गया, जिसमें राजनीतिक तंज की बात कही जा रही थी, तब खेसारी ने संतुलित प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि हर व्यक्ति अपने स्थान पर अच्छा है और राजनीतिक बयानबाजी को ज्यादा तूल देने से न संगीत का भला होता है और न ही समाज का। उन्होंने पवन सिंह के साथ अपने व्यक्तिगत संबंधों का सम्मान करते हुए कहा कि वे उन्हें हमेशा बड़े भाई की तरह मानते आए हैं और आगे भी सम्मान करते रहेंगे।

उन्होंने यह भी जोड़ा कि अनावश्यक विवादों और बयानबाजी से बिहार के लोगों का कोई लाभ नहीं होने वाला। राज्य की प्रगति के लिए जरूरी है कि जनप्रतिनिधि विकास, शिक्षा, रोजगार और सामाजिक सुधार जैसे मुद्दों पर ध्यान दें। फिलहाल मैथिली ठाकुर के बयान और उस पर खेसारी लाल यादव की प्रतिक्रिया ने बिहार की सियासत में नया बहस छेड़ दी है, जिसमें राजनीतिक मर्यादा, भाषा और सार्वजनिक जिम्मेदारी जैसे मुद्दे केंद्र में आ गए हैं।

Bihar – Piyush Dhar Diwedi

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments