क्रिसमस बीत जाने के बाद भी देशभर में उत्सव का माहौल बना हुआ है। 26 दिसंबर को भी चर्चों, बाजारों और पर्यटन स्थलों पर रौनक देखने को मिली। 25 दिसंबर की रात को हुई मिडनाइट मास और पारिवारिक समारोहों के बाद लोग आज भी छुट्टी का आनंद लेते नजर आए। कई शहरों में लोग दोस्तों और परिवार के साथ घूमने निकले, तो कहीं शॉपिंग और फूड फेस्टिवल्स की धूम रही।
देश के बड़े शहरों में क्रिसमस की सजावट अभी भी बरकरार है। चर्चों के बाहर सजी रंग-बिरंगी लाइटें, क्रिसमस ट्री और सांता क्लॉज की झांकियां लोगों को आकर्षित कर रही हैं। खासतौर पर बच्चों में उत्साह साफ दिखाई दे रहा है, जो नए खिलौनों और गिफ्ट्स के साथ छुट्टी का मजा ले रहे हैं।
चर्चों में विशेष प्रार्थनाएं
26 दिसंबर को कई चर्चों में थैंक्सगिविंग प्रेयर और विशेष सभाओं का आयोजन किया गया। पादरियों ने अपने संदेश में शांति, प्रेम और भाईचारे पर जोर दिया। क्रिसमस का मूल संदेश—करुणा और इंसानियत—आज भी लोगों के बीच चर्चा का विषय बना रहा। कई जगहों पर जरूरतमंदों के लिए भोजन वितरण और सामाजिक सेवा कार्यक्रम भी आयोजित किए गए।
बाजारों और मॉल्स में भीड़
क्रिसमस सेल का असर 26 दिसंबर को भी बाजारों में देखने को मिला। मॉल्स और स्थानीय बाजारों में डिस्काउंट ऑफर्स के चलते भारी भीड़ उमड़ी। कपड़े, इलेक्ट्रॉनिक्स, सजावटी सामान और गिफ्ट आइटम्स की जमकर खरीदारी हुई। दुकानदारों के अनुसार, इस साल क्रिसमस और न्यू ईयर के बीच की अवधि में बिक्री पिछले साल के मुकाबले बेहतर रहने की उम्मीद है।
पर्यटन स्थलों पर बढ़ी चहल-पहल
26 दिसंबर को कई लोकप्रिय पर्यटन स्थलों पर पर्यटकों की संख्या में इजाफा देखा गया। पहाड़ी इलाकों, समुद्री तटों और हिल स्टेशनों की ओर लोगों का रुझान खासा रहा। होटल और रिसॉर्ट्स में ऑक्यूपेंसी अच्छी बताई जा रही है। ट्रैवल इंडस्ट्री से जुड़े लोगों का कहना है कि क्रिसमस-न्यू ईयर वीक उनके लिए साल का सबसे व्यस्त समय होता है।
खानपान और संस्कृति का उत्सव
क्रिसमस के बाद भी खास व्यंजन लोगों की थालियों में नजर आए। केक, कुकीज, पेस्ट्री और पारंपरिक व्यंजनों की मांग बनी रही। कई शहरों में ओपन-एयर कैफे और रेस्टोरेंट्स में लाइव म्यूजिक और थीम नाइट्स आयोजित की गईं, जहां युवाओं ने देर शाम तक जश्न मनाया।
नए साल की तैयारियां तेज
26 दिसंबर के साथ ही लोगों का फोकस अब नए साल के स्वागत पर शिफ्ट होता दिखा। बाजारों में न्यू ईयर डेकोरेशन, पार्टी प्रॉप्स और गिफ्ट्स की खरीदारी शुरू हो गई है। लोग ट्रैवल प्लान्स और पार्टी बुकिंग्स में भी जुट गए हैं।
निष्कर्ष:
26 दिसंबर 2025 को क्रिसमस का जश्न भले ही औपचारिक रूप से खत्म हो गया हो, लेकिन उसकी खुशियां और सकारात्मक ऊर्जा अब भी लोगों के बीच महसूस की जा रही हैं। यह दिन आराम, मेल-जोल और नए साल की उम्मीदों के साथ आगे बढ़ने का संदेश दे रहा है।
Corrospondent – Shanwaz Khan


