बिहार की राजनीति में एक अहम घटनाक्रम सामने आया है। राज्य के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार गुरुवार को राज्यसभा चुनाव के लिए अपना नामांकन दाखिल करेंगे। जानकारी के मुताबिक, वह सुबह 11:30 बजे पटना में नामांकन पत्र दाखिल करेंगे। इस मौके पर उनके साथ जेडीयू और एनडीए के कई वरिष्ठ नेता भी मौजूद रह सकते हैं।
राज्यसभा चुनाव को लेकर बिहार की सियासत में हलचल तेज हो गई है। राजनीतिक दल अपने-अपने उम्मीदवारों को लेकर रणनीति बनाने में जुटे हुए हैं। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का राज्यसभा के लिए नामांकन दाखिल करना इस चुनाव को और अधिक दिलचस्प बना सकता है।
सूत्रों के अनुसार, नामांकन प्रक्रिया पूरी करने के लिए मुख्यमंत्री निर्धारित समय पर विधानसभा परिसर पहुंचेंगे। वहां चुनाव अधिकारी के सामने वे अपना नामांकन पत्र जमा करेंगे। इस दौरान बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता और समर्थक भी मौजूद रहने की संभावना है।
राज्यसभा चुनाव में उम्मीदवारों का चयन सीधे जनता द्वारा नहीं किया जाता, बल्कि राज्य के निर्वाचित विधायक यानी विधायक (MLA) मतदान के जरिए राज्यसभा सांसदों का चुनाव करते हैं। यह चुनाव आनुपातिक प्रतिनिधित्व प्रणाली के आधार पर होता है, जिससे विधानसभा में जिस दल की जितनी संख्या होती है, उसी अनुपात में उसे राज्यसभा में सीट मिलने की संभावना रहती है।
बिहार में इस बार राज्यसभा की कुछ सीटें खाली हो रही हैं, जिनके लिए चुनाव कराया जा रहा है। ऐसे में सभी राजनीतिक दल अपने उम्मीदवारों को जीत दिलाने के लिए पूरी ताकत लगा रहे हैं। जेडीयू और एनडीए गठबंधन के पास विधानसभा में पर्याप्त संख्या बल होने के कारण उनके उम्मीदवारों की स्थिति मजबूत मानी जा रही है।
नीतीश कुमार लंबे समय से बिहार की राजनीति के प्रमुख चेहरे रहे हैं। उन्होंने कई बार राज्य के मुख्यमंत्री के रूप में जिम्मेदारी संभाली है और राज्य की राजनीति में उनका खास प्रभाव माना जाता है। उनके राज्यसभा चुनाव मैदान में उतरने की खबर से राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई है।
विश्लेषकों का मानना है कि इस कदम का राजनीतिक दृष्टि से भी खास महत्व हो सकता है। राज्यसभा में जाने से नीतीश कुमार को राष्ट्रीय स्तर पर अपनी राजनीतिक भूमिका निभाने का अवसर मिल सकता है।
फिलहाल सभी की नजरें गुरुवार को होने वाले नामांकन पर टिकी हैं। इसके बाद यह साफ हो जाएगा कि बिहार की राजनीति में आगे क्या समीकरण बनते हैं और राज्यसभा चुनाव में किस दल को कितना फायदा मिलता है।
Bihar – Piyush Dhar Diwedi


