कानपुर: बुधवार शाम शहर के बिसातखाना मार्केट में दो स्कूटियों में हुए जोरदार धमाके से हड़कंप मच गया। शुरुआती जांच में विस्फोट का कारण लो-इंटेंसिटी एक्सप्लोसिव या पटाखे बताया जा रहा है, हालांकि एटीएस और मिलिट्री इंटेलिजेंस की टीमें मामले की हर एंगल से जांच कर रही हैं।
सीपी का बयान — “पटाखों से हुआ था धमाका”
कानपुर के पुलिस कमिश्नर ने बताया कि विस्फोट की जांच के लिए कई एजेंसियों को लगाया गया है। क्षेत्र के सभी CCTV फुटेज कब्जे में लेकर संदिग्ध गतिविधियों की जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि,
“अब तक के साक्ष्य बताते हैं कि धमाका पटाखों या कम तीव्रता वाले विस्फोटक से हुआ था। लेकिन हम किसी साजिश की संभावना से इंकार नहीं कर रहे।”
घटनास्थल पर भारी पुलिस बल तैनात
विस्फोट की सूचना मिलते ही मूलगंज, कोतवाली, अनवरगंज और बादशाहीनाका थानों का फोर्स मौके पर पहुंचा।
संयुक्त पुलिस आयुक्त कानून व्यवस्था आशुतोष कुमार, संयुक्त पुलिस आयुक्त क्राइम विनोद कुमार सिंह, डीसीपी सत्यजीत गुप्ता सहित कई वरिष्ठ अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे।
दो स्कूटियों में हुआ धमाका
धमाका बिसातखाना मार्केट की दुकानों के बाहर खड़ी दो स्कूटियों में हुआ। विस्फोट इतना तेज था कि आस-पास की दुकानों में रखे पटाखे, खिलौने और सजावटी सामान सड़क पर बिखर गए।
फायर ब्रिगेड और फॉरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच की। बारूद के नमूने लिए गए और प्रारंभिक रिपोर्ट में यह कम तीव्रता वाले विस्फोटक बताए जा रहे हैं।
बड़ी साजिश की भी जांच जारी
एजेंसियां किसी बड़ी साजिश की संभावना को नज़रअंदाज नहीं कर रही हैं। दीपावली नज़दीक होने और बाजार में भीड़भाड़ के चलते सुरक्षा एजेंसियां अतिरिक्त सतर्कता बरत रही हैं।
सूत्रों के अनुसार, धमाका लाल या काली स्कूटी में हुआ था, जिसकी पुष्टि जांच के बाद की जाएगी।
बड़ा हादसा टला
विस्फोट के बाद दोनों स्कूटी के परखच्चे उड़ गए, लेकिन पेट्रोल टैंक सुरक्षित मिले। अधिकारियों के मुताबिक,
“अगर पेट्रोल टंकी फट जाती, तो विस्फोट और बड़ा हो सकता था।”
फिलहाल एटीएस, एलआईयू, फॉरेंसिक टीम और मिलिट्री इंटेलिजेंस संयुक्त रूप से जांच में जुटी हैं। पुलिस ने इलाके को सील कर दिया है और आसपास के सभी CCTV फुटेज की बारीकी से जांच की जा रही है।


