बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर रविवार को मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान उन्होंने चुनाव से जुड़ी कई महत्वपूर्ण जानकारियाँ साझा कीं। जानिए प्रेस कॉन्फ्रेंस की 10 बड़ी बातें:
1. चुनाव समय पर होंगे
CEC ने स्पष्ट किया कि बिहार विधानसभा का कार्यकाल 22 नवंबर 2025 को समाप्त हो रहा है। चुनाव आयोग ने सभी तैयारियाँ पूरी कर ली हैं और चुनाव समय पर संपन्न होंगे, जिससे नई सरकार अपना कार्यकाल तय समय पर शुरू कर सकेगी।
2. छठ पूजा के साथ मतदान का महत्व
ज्ञानेश कुमार ने मतदाताओं से अपील की कि मतदान को भी त्योहार की तरह मनाएं, ठीक वैसे ही जैसे छठ पूजा मनाते हैं। सभी लोगों से सक्रिय मतदान करने की अपील की गई।
3. बूथ लेवल अधिकारियों को पहली बार दी गई ट्रेनिंग
इस चुनाव में पहली बार पूरे देश के 700 बूथ लेवल एजेंट्स और 90,217 BLO को विशेष ट्रेनिंग दी गई। यह प्रक्रिया बिहार में निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव सुनिश्चित करने के लिए अपनाई गई है।
4. मतदाता सूची (SIR) में सुधार
24 जून 2025 से मतदाता सूची में सुधार (SIR) प्रक्रिया शुरू हुई। इसमें छूटे हुए नामों को जोड़ा गया और मतदाताओं की आपत्तियों को समय रहते निपटाया गया। अब SIR को पूरे देश में लागू किया जाएगा।
5. आधार कार्ड वैकल्पिक, लेकिन स्वीकार्य
आधार कार्ड नागरिकता का प्रमाण नहीं, लेकिन पहचान के लिए स्वीकार्य है। सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के अनुसार इसे वैकल्पिक रखा गया है।
6. ईवीएम पर कलर फोटो और बड़ा फॉन्ट
अब ईवीएम में प्रत्याशियों की फोटो कलर में और नाम बड़े फॉन्ट में दिखाई देंगे, ताकि मतदाता उन्हें आसानी से पहचान सकें।
7. हर बूथ पर मॉक पोल
बिहार चुनाव में हर बूथ पर मॉक पोल अनिवार्य होगा। राजनीतिक दलों के एजेंट को इसे अपनी मौजूदगी में देखना होगा, ताकि चुनाव प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी हो।
8. मतदान केंद्रों पर भीड़ कम
अब किसी भी मतदान केंद्र पर अधिकतम 1200 मतदाता होंगे। इससे लंबी लाइनों और भीड़ की समस्या कम होगी।
9. वेबकास्टिंग से बढ़ेगी पारदर्शिता
सभी मतदान केंद्रों पर वेबकास्टिंग की जाएगी। इससे चुनाव की प्रक्रिया की निगरानी होगी और गड़बड़ी पर तुरंत रोक लगाई जा सकेगी।
10. डिजिटल इंडिया की दिशा में कदम
मतदाता को चुनाव के तुरंत बाद डिजिटल इंडेक्स कार्ड उपलब्ध होगा। इसके अलावा, सभी चुनावी जानकारी के लिए वन-स्टॉप डिजिटल प्लेटफॉर्म तैयार किया गया है।


