उत्तर प्रदेश के संभल जिले में एक बार फिर प्रशासनिक कार्रवाई को लेकर हलचल तेज हो गई है। चर्चित शाही जामा मस्जिद के पास स्थित करीब आठ बीघा कब्रिस्तान की नापजोख आज राजस्व विभाग की टीम द्वारा की जाएगी। इस प्रक्रिया को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क है और किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।
प्रशासनिक सूत्रों के मुताबिक, यह नापजोख संभावित अवैध कब्जों की पहचान के लिए की जा रही है। नापजोख के बाद आवश्यक हुआ तो अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई भी की जा सकती है। चूंकि यह इलाका धार्मिक दृष्टि से संवेदनशील माना जाता है, इसलिए सुरक्षा व्यवस्था को लेकर कोई ढिलाई नहीं बरती जा रही है।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम
शाही जामा मस्जिद और कब्रिस्तान के आसपास रैपिड रिस्पॉन्स फोर्स (RRF), पीएसी और स्थानीय पुलिस की तैनाती की गई है। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह तैनाती पूरी तरह एहतियातन है, ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे और किसी तरह की अफवाह या तनाव की स्थिति न पैदा हो।
ASP (नॉर्थ) Kuldeep Singh ने बताया कि सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए 9 थाना प्रभारियों (SHO), 3 इंस्पेक्टर स्तर के अधिकारी, पीएसी और आरआरएफ की एक-एक कंपनी मौके पर तैनात की गई है। इसके अलावा ड्रोन से निगरानी करने वाली विशेष टीम भी लगाई गई है।
ड्रोन और CCTV से नजर
प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में ड्रोन कैमरों और सीसीटीवी की मदद से निगरानी तेज कर दी है। हर गतिविधि पर पैनी नजर रखी जा रही है ताकि किसी भी तरह की अव्यवस्था को तुरंत रोका जा सके। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, नापजोख की पूरी प्रक्रिया शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराना प्रशासन की प्राथमिकता है।
आज होगी जमीन की माप
जानकारी के अनुसार, आज यानी 30 दिसंबर को राजस्व विभाग की टीम पुलिस प्रशासन की मौजूदगी में कब्रिस्तान की जमीन की विधिवत माप करेगी। यह कब्रिस्तान Shahi Jama Masjid Sambhal के पास स्थित है, जिस कारण यह मामला और भी संवेदनशील हो गया है।
प्रशासन का संदेश
जिला प्रशासन ने आम लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि कार्रवाई पूरी तरह कानून के दायरे में की जा रही है और किसी समुदाय की भावनाओं को ठेस पहुंचाने का कोई इरादा नहीं है।
फिलहाल संभल में हालात पूरी तरह नियंत्रण में बताए जा रहे हैं, लेकिन एहतियात के तौर पर पुलिस और प्रशासन हाई अलर्ट मोड पर है, ताकि नापजोख और आगे की कार्रवाई बिना किसी बाधा के पूरी की जा सके।
Corrospondent – Shanwaz Khan


